Tel: 0542 - 2393981-87 | Mail: ajvaranasi@gmail.com


दिमागी बुखारसे बचावके लिए विभागोंको सौंपी जिम्मेदारी


जौनपुर। जिले में तृतीय संचारी रोग नियंत्रण अभियान 02 से 30 सितम्बर तक चलाया जायेगा। जिसके सम्बन्ध में मंगलवार देर सायं जिलाधिकारी अरविन्द मलप्पा बंगारी ने तैयारी की समीक्षा की। उन्होने नोडल अधिकारियों को निर्देश दिया कि 30 अगस्त कार्ययोजना बनाकर दे और कहा कि सभी अधिकारी शासन के मंशा के अनरूप कार्य करते हुए सचारी रोग नियंत्रण में अपना महत्वपूर्ण योगदान दे।
मुख्य चिकित्साधिकारी रामजी पाण्डेय ने बताया कि चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग संचारी रोगों तथा दिमागी बुखार से संबंधित रोकथाम एवं नियंत्रण गतिविधियों हेतु जनपद, ब्लॉक तथा पंचायत/ग्राम स्तर पर विभिन्न विभागों के बीच समन्वय हेतु नोडल विभाग का कार्य करेगा। संचारी रोगों तथा दिमागी बुखार केसेस की निगरानी, रोगियों के उपचार की व्यवस्था, रोगियों के नि:शुल्क परिवहन हेतु रोगी वाहन की व्यवस्था, वाहक नियंत्रण गतिविधियां, ग्रामीण क्षेत्रों में वाहक के घनत्व का आकलन, स्रोतों में कमी, लारवा रोधी गतिविधियां तथा आवश्यकतानुसार फागिंग, प्रचार प्रसार एवं व्यवहार परिवर्तन गतिविधियां, मॉनिटरिंग सर्वेक्षण रिपोर्ट अभिलेखीकरण तथा विश्लेषण, न्यूरो रिहैबिलिटेशन का कार्य करेंगा। नगर विकास विभाग के द्वारा नगरी क्षेत्रों में वातावरण तथा व्यक्तिगत स्वच्छता के उपायों, खुले में शौच न करने, शुद्ध पेयजल के प्रयोग तथा मच्छरों के रोकथाम हेतु जागरूकता अभियान संचालित करना, खुली नालियों की ढकने की व्यवस्था, नालियों कचरा की सफाई करवाना, शहरी क्षेत्रों में फागिंग करवाना, उछलने हेण्डपंपों का प्रयोग रोकने के लिए उन्हें लाल रंग से चिन्हित किया जाना, हैण्डपंपों के पाइप को चारों ओर से कंक्रीट से बंद करना, हैण्डपंपों के पास अपशिष्ट जल के निकलने हेतु सोकपीट का निर्माण, शुद्ध पेयजल की उपलब्धता हेतु हैण्डपंप की रिबोरिग एवं पेयजल की गुणवत्ता के अनुश्रवण के लिए बैक्टीरियोलॉजिकल/वायरोलॉजिकल जांच, आबादी में इण्डिया मार्का टू हैण्डपंपों, मिनी पब्लिक वाटर सप्लाई, टैंक टाईप स्टैंड पोस्ट की मानक के अनुसार स्थापना एवं अनुरक्षण, जलभराव तथा वनस्पतियों की विधि को रोकने के लिए सड़कों का पेवमेंट का निर्माण करना, सड़कों के किनारे उगी वनस्पतियां नियमित रूप से हटाया जाना, शहरी क्षेत्रों एवं शहरी मलिन बस्तियों के संवेदनशील आबादी समूहों में अपनी गतिविधियों को केंद्रित करना, संवेदनशील क्षेत्रों को प्राथमिकता के आधार पर खुले में शौच से मुक्त करना। पंचायती राज विभाग/ग्राम विकास विभाग के अन्तर्गत प्रधान अपने ग्राम में अभियान के नोडल होंगे तथा 02 सितंबर से प्रभातफेरी का आयोजन कर संचारी रोग नियंत्रण माह का उद्घाटन करेंगे। ग्राम स्तर पर साफ-सफाई, हाथ-धोना, शौचालय की सफाई तथा घर से जल निकासी हेतु जन जागरण के लिए प्रचार प्रसार, वीएचएसएनसी के माध्यम से संचारी रोगों तथा दिमागी बुखार के रोकथाम हेतु ÓÓक्या करें क्या न करेंÓÓ का सघन प्रचार प्रसार करेंगे। उथले हैण्डपंप को चिन्हित कर जनता को उनके प्रयोग न करने के लिए जागरूक करेंगे, खराब इंडिया मार्का टू हैंड पंपों की मरम्मत एवं निरंतर क्रियाशील रखना एवं उसके चारों ओर चबूतरा बनवाना, सामुदायिक वाटर फिल्टर, व्यक्तिगत वाटर फिल्टर तथा वाटर पंप युक्त टैंक टाइप स्टैंड पोस्ट की स्थापना (माइक्रोंफाइनेन्स योजनाओं के द्वारा), पेयजल स्रोतों संसाधनों से शौचालय की दूरी के उपाय, शौचालय/सीवर से पेयजल प्रदूषित न होने देने के लिए आवश्यक उपाय, वेक्टर कन्ट्रोल के लिए जलाशयों एवं नालियों की नियमित सफाई, ग्रामीण क्षेत्रों में मनरेगा से फागिंग की व्यवस्था, अपशिष्ट रुके हुए पानी तथा मच्छरों के प्रजनन की समस्याओं को रोकने के लिए गड्ढों का भराव तथा मकानों के बीच कंकरीट तथा पक्की ईटों वाली सड़कों का निर्माण। पशुपालन विभाग के द्वारा सूकर पशुपालकों को अन्य व्यवसाय जैसे पौल्ट्री उद्योग को अपनाने हेतु जागरूक/प्रेरित करना, इसके अतिरिक्त सूकर पालन स्थल पर वेटर नियंत्रण एवं सीरो सर्विलेंस व्यवस्था करना, सुकरबाडे मनुष्य आबादी से दूर स्थापित करवाना। बाल विकास सेवा एवं पुष्टाहार विभाग के द्वारा आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों को संचारी रोग कथा दिमागी बुखार हेतु प्रशिक्षण प्रदान कर सेंसीटॉइज किया जाना, आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों के द्वारा अपने क्षेत्र के समस्त कुपोषित तथा अति कुपोषित बच्चों की सूची बनाकर उनको उचित पोषाहार उपलब्ध कराना तथा आवश्यकता होने पर पोषण पुनर्वास केंद्र पर उपचार तथा पोषण पुनर्वास हेतु भेजना, एईएस/जेई रोग से विकलांग कुपोषित बच्चों को अति कुपोषित बच्चों की भांति पुष्टाहार/टेक होम राशन उपलब्ध कराना का कार्य करेंगी। शिक्षा विभाग के द्वारा हर दिन प्रार्थना सभा में बच्चों को मुख्य दिमागी बुखार संदेश बताएं और विशेषकर सुरक्षित पीने का पानी शौचालय का प्रयोग खुले में शौच के नुकसान पर जोड़ दें। दिमागी बुखार तथा संचारी रोगों पर एक विशेष 40 से 50 मिनट की कक्षा लगाएं (हर बुखार खतरनाक हो सकता है, दिमागी बुखार के कारण क्या है, बुखार होने पर क्या करें क्या ना करें, यह जरुर बताया जाय), बच्चों के साथ सामुदायिक गतिविधियों आयोजित करें, हर दिन उपस्थित रजिस्टर्ड जांचे। कृषि एवं सिंचाई विभाग द्वारा जमे हुए पानी में मच्छरों के प्रजनन को रोकने तथा सिंचाई के वैकल्पिक उपायों पर अपनी तकनीकी सलाह देना, मच्छर रोधी पौधों का उगाया जाना, विभागीय पौधाशाला से पौधे तथा बीज उपलब्ध कराना, खेतों में मच्छरों के प्रजनन को रोकने कम करने हेतु नई तकनीकों के प्रयोग के लिए मदद करना, ताकि मच्छर के प्रजनन के स्थान कम से कम रहे। इस अवसर पर मुख्य विकास अधिकारी गौरव वर्मा, मुख्य पशुचिकित्साधिकारी डा. विरेन्द्र सिंह, जिला विद्यालय निरीक्षक ब्रजेश मिश्र, जिला अर्थ एवं संख्या अधिकारी रामदरश यादव, जिला मलेरिया अधिकारी वीपी सिंह, जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी राजेन्द्र सहित अन्य जिलास्तरीय अधिकारी उपस्थित रहे।
बघेलामें बैलसे लदी ट्रक पकड़ी गयी, चालक फरार
सिद्दीकपुर। सरायख्वाजा थाना क्षेत्र के बघेला गांव में एक ईंट भ_े पर बैल से लदी ट्रक पुलिस ने पकड़ लिया। जबकि चालक क्लीनर मौके से फरार हो गए। पुलिस ने बैलों को  लाकर पूर्वांचल विश्वविद्यालय चौकी परिसर में उतार दिया है। बुधवार की भोर में थानाध्यक्ष योगेंद्र यादव को मुखबिर ने सूचना दी मल्हनी के पास बघैला गांव के ईट भ_े पर ट्रक में बैल भर कर कहीं ले जाया जा रहा है। पुलिस फोर्स ने घेराबंदी कर ट्रक को घेर कर हिरासत में लिया। मौका पाते ही उस पर बैठे चालक क्लीनर व अन्य शामिल आरोपी फरार हो गए। जब पुलिस ने ट्रक के पर्दे को खोला तो देखा कि अंदर बाहर से जाली लगाकर बोरी में भूसी लादी गई थी। जबकि उसके नीचे 22 बैल ट्रक में भरे गए थे। सूत्रों की माने तो बैल को ट्रक में भरकर भदेठी गाव में अवैध रूप से चल रहे स्लाटर हाउस ले जाया जा रहा था। वहां से बैलों की खपत आजमगढ के सरायमीर में की जाती है। लेकिन मुखबिर की सूचना से बैलों से भरा ट्रक पुलिस ने पकड़ लिया और पूर्वांचल विश्वविद्यालय चौकी पर लाई वहां बैलों को लिखा पढ़ी के बाद छोड़ दिया। फरार आरोपियों की तलाश की जा रही है। बता दें कि कयी बार आजमगढ के सीमावर्ती इलाके भदेठी में चल रहा सलाटर हाऊस चर्चा में रहा है। जिसका हिन्दू संगठनों ने जम कर विरोध किया था। चार वर्ष पूर्व वहां बैलों के मांस से लदी चार ट्रक पकड़ी गयी थी। यहां तीन अवैध रूप से बूचडख़ाने चलाये जा रहा है।
पिकअप सवार पशु तस्कर लाद ले गये आठ बकरा
मुंगराबादशाहपुर। स्थानीय थाना क्षेत्र के कृषि उत्पादन समिति के सुरक्षा किले को बेखौफ भेद मंगलवार की रात हौसलाबुलंद बिना नंबर की पिकअप में सवार होकर आए पशु तस्कर मौसम अली का 8 बकरा उठा ले गये। जिसका विरोध करने पर ईंट पत्थर मारकर पांच लोगों को घायल कर दिया। जानकारी के अनुसार मौसम अली का मंडी गेट के बगल फल की दूकान है।
दूकान मे ही वह अपने 8 बकरे बांधे हुए थे। रात मे लगभग तीन बजे आधा दर्जन पिकअप सवार पशुतस्कर पहुंचे और बकरो को जबरन लादने लगे। इसी के बगल वकील अहमद का सेब के ठेले पर से आठ टोकरी सेब भी उठा ले गए। दुकान में सोये सेठी सरोज निवासी पकड़ी गोदाम के शोर मचाने पर हौसलाबुलंद पशुतस्करो ने उसकी जमकर पिटाई कर दिया। गेट के  बगल एक दूकान पर सो रहे राम आसरे, सुरेन्द्र सिंह, सत्यम तिवारी आदि सो रहे थे। शोर सुनकर वह लोग भी दौड़े तो पिकअप सवार पशु तस्कर ईंट पत्थर मारते हुऐ फरार हो गये। इन सभी को पत्थर से चोंटे भी आई है। घटना की सूचना मिलने पर पुलिस भी मौके पर पहुंच जांच पड़ताल कर बैरंग हो वापस लौट आई। आरोप है कि मंडी परिसर में तैनात सुरक्षा कर्मी घटना के समय दूर दूर तक नजर नहीं आये। इसी क्रम में मोहल्ला गजराजगंज मे पिकअप सवार आधा दर्जन पहुंचे लूटेंरे एक घर मे घुसने की कोशिश करने लगे। घर की महिला दुलारी देवी जाग गई तथा शोर मचाना शुरू किया। जिसे सुन कर घर के बाहर ही सो रही एक अन्य महिला की नींद खुल गई तथा वह भी शोर मचाने लगी तो लूटेरो ने उसके गर्दन पर चाकू लगा चुप रहने को कहा गया। इसी बीच लूटेरो ने घर के बरामदे में लगा एक पंखा पिकअप पर लादकर फरार हो गये।
पिस्तौल सटाकर बदमाशोंने १४ हजार लूटे
डोभी। चंदवक थाना क्षेत्र के घुड़दौड़ गांव में बुधवार की शाम बाइक सवार दो बदमाशों ने तमंचा सटाकर युवक से 14 हजार रुपये लूट लिए। पुलिस मामले की छानबीन कर रही है।
थाना क्षेत्र के भैंसा गांव का निवासी ऋषभ सिंह नामक युवक किसी कार्य से बाइक से मोढ़ैला गया था। सायंकाल वहां से वह घर लौट रहा था। करीब साढ़े छह बजे घुड़दौड़ गांव के पास पहुंचा तो घात लगाकर पीछा कर रहे अपाचे बाइक सवार दो बदमाशों ने ओवरटेक कर रोक लिया। कनपटी पर तमंचा सटाकर आतंकित कर उसकी जेब में रखे 14 हजार रुपये लूट लिए। वारदात को अंजाम देने के बाद बदमाश रतनूपुर की तरफ भाग गए। ऋषभ सिंह ने घटना की सूचना यूपी-100 पर पुलिस को दी। मौके पर पहुंची पुलिस ने बदमाशों व बाइक हुलिया आदि पूछने के बाद काफी भागदौड़ की लेकिन बदमाशों का कोई सुराग नहीं पा सकी। अज्ञात लुटेरों के विरूद्घ मुकदमा दर्ज किए जाने के लिए भुक्तभोगी ने थाने में तहरीद दी है। पुलिस मामले की छानबीन कर रही है।
पतिको दस वर्ष, सास-श्वसुरको सात वर्षकी कैद
जौनपुर। सराय ख्वाजा थाना क्षेत्र के कंधरापुर गांव में दहेज की मांग को लेकर 4 वर्षों पूर्व विवाहिता की हत्या करने के आरोप में जिला एवं सत्र न्यायाधीश की अदालत ने पति को दस वर्ष की तथा सास व ससुर को सात-सात वर्ष के कारावास से दंडित किया। साथ ही तीनों आरोपियों पर दस-दस हजार रुपए का अर्थदंड भी लगाया गया।
अभियोजन कथानक के अनुसार वादी मुकदमा हीरालाल निवासी ग्राम सलहदीपुर थाना सरायख्वाजा ने मामला पंजीकृत करवाया कि उसने अपनी पुत्री सुनीता का विवाह 24 जून 2012 को विकास पुत्र राजदेव निवासी ग्राम कंधरापुर अतरही थाना सराय ख्वाजा के साथ किया था। विवाह में उसने 50 हजार रूपए नकद, मोटरसाइकिल व अन्य घरेलू सामान अपनी क्षमता के अनुसार दिया था। विवाह के पश्चात जब सुनीता विदा होकर अपने ससुराल गई तब उसके पति विकास, ससुर राजदेव, सास हीरावती, देवर किक्की तथा ननद नेहा  फ्रिज, रंगीन टीवी तथा एक लाख रुपए नकद की मांग को लेकर सुनीता को प्रताडि़त करने लगे। घटना के एक माह पूर्व सुनीता ने फोन करके बताया कि अगर ससुराल वालों की मांग पूरी नहीं की गई तो वे लोग हमें जान से मार डालेंगे। 25/26 फरवरी 2015 की रात इन लोगों ने सुनीता को जलाकर मार डाला। पुलिस ने विवेचना करके पति विकास, ससुर राजदेव व सास हीरावती के खिलाफ आरोप पत्र न्यायालय में प्रस्तुत किया। जिला शासकीय अधिवक्ता अनिल कुमार सिंह कप्तान ने कुल सात गवाह परीक्षित करवाए। गवाहों के बयान एवं पत्रावली पर उपलब्ध साक्ष्यों के परिशीलन के पश्चात न्यायालय ने तीनों आरोपियों को दहेज हत्या के मामले में दोषी पाते हुए भादवि की धारा 304 बी के अन्तर्गत पति विकास को 10 वर्ष की कैद व दस हजार जुर्माने से तथा ससुर राजदेव एवं सास हीरावती को 7 वर्ष की कैद व दस हजार रुपए जुर्माने से दंडित किया।