(आज समाचार सेवा)
पटना। आईजीआईएमएस में पहली बार रोबोट से दो मरीजों की गॉल ब्लॉडर व हर्निया की सफल सर्जरी की गई। इनमें एक शिवहर जिले के 26 वर्षीय महिला को गॉल ब्लॉडर स्टोन से पीडि़त थी, जबकि दूसरा मरीज 55 वर्षीय सिवान जिले के हर्निया व गॉल ब्लॉडर दोनों बीमारी से ही पीडि़त थे। इस सर्जरी की देखरेख अस्पताल के अधीक्षक डा.मनीष मंडल ने की। संस्थान में पहली बार रोबोट से सफल सर्जरी के बाद संस्थान के निदेशक डा.बिन्दे कुमार एवं उपनिदेशक डा.विभूति प्रसन्न सिन्हा ने टीम को बधाई दी हैं।
अस्पताल अधीक्षक डा. मनीष मंडल ने कहा कि रोबोट की सहायता से की जाने वाली स्पाइन सर्जरी न केवल शल्य चिकित्सा की सटीकता बढ़ाती है, बल्कि रक्तस्त्राव को कम करने, मानवीय त्रुटियों को न्यूनतम करने और मरीजों के तेजी से स्वस्थ होने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं। आईजीआईएमएस जीआइ सर्जरी विभाग के डा.साकेत कुमार ने कहा कि रोबोट में एआई तकनीक लगा हुआ हैं, जो गड़बड़ी को तुरंत पकड़ में आ जाता हैं। इससे सर्जनों को अधिक सटीक निर्णय लेने और संभावित रूप से जटिलताओं और विकिरण जोखिम को कम करने में सहायता मिलती हैं। उपनिदेशक डा.विभूति प्रसन्न सिन्हा ने बताया कि रोबोट अब बिहार के मरीजों के लिए किसी वरदान से कम साबित नहीं होगा। इससे जहां मरीजों की सटिक सर्जरी होगी, वहीं दूसरी ओर सर्जरी के दौरान गलतियां नही होंगी। दोनों मरीजों की सफल सर्जरी रही और मरीज अब पूरी तरह से स्वस्थ हैं।





