Post Views: 1,022 सुखी भारती भगवान श्रीरामजी स्नेह देखकर हनुमानजीके हृदयमें हर्ष एवं उल्लासकी लहर दौड़ पड़ी। हनुमानजीको भी लग रहा था मानो श्रीराम जीने उन्हें गोदमें उठा लिया हो। हनुमानजीने भी देखा कि आज प्रभु भी एक पिता समान मेरे अनुकूल हैं- देखि पवनसुत पति अनुकूला। हृदयं हरष बीती सब सूला॥ प्रभु अनुकूल हों […]
Post Views: 604 डा. प्रितम भि. गेडाम कोरोना महामारीने सम्पूर्ण विश्वको झकझोर कर रख दिया है, विश्वकी दूसरी सबसे ज्यादा आबादीवाले भारत जैसे विकासशील देशमें कोरोनाने देशकी अर्थव्यवस्था खराब कर दी। सरकारी आंकड़े बताते हैं कि इस कोरोना महामारीने देशमें ३० हजारसे ज्यादा बच्चोंको अनाथ कर दिया है। सबसे ज्यादा नुकसान निम्न मध्यम वर्गके गरीब […]
Post Views: 1,298 बाबा हरदेव आत्मज्ञानकी प्राप्ति गुरुकी कृपासे सहजमें हो सकती है, लेकिन इसकी संभाल बहुत कठिन है। जैसे हम कहींसे कोई पौधा ले आते हैं और अपने घरके आंगनमें लगा देते हैं, लेकिन केवल उसको घरके आंगनमें लगा देनेसे ही हमें लाभ नहीं मिल जाता। हम उसकी संभाल करते हैं। उसको पानी-खाद भी […]