Post Views: 804 योगेश कुमार गोयल भारतका संविधान २६ जनवरी, १९४९ को अंगीकृत किया गया था और कुछ उपबंध तुरंत प्रभावसे लागू कर दिये गये थे लेकिन संविधानका मुख्य भाग २६ जनवरी, १९५० को ही लागू किया गया, इसीलिए इस तारीखको संविधानके प्रारंभकी तारीख भी कहा जाता है और यही वजह थी कि २६ जनवरीको […]
Post Views: 986 सदानन्द शास्त्री मेडिटेशन अर्थात ध्यान। ध्यान करना बहुत ही सरल है। मात्र पांच मिनटका ध्यान चमत्कारिक लाभ दे सकता है। ध्यानके कई अर्थ है। ध्यानका मूल अर्थ है जागरूकता, अवेयरनेस, होश, साक्षी भाव और दृष्टा भाव। विचारोंपर नियंत्रण है ध्यान। लेकिन ध्यानका अर्थ स्मरण और एकाग्रताको भी माना जाता है। सही मायनेमें […]
Post Views: 528 अनूप शास्त्रोंके अनुसार भगवान विष्णुकी पूजा बिना तुलसी पत्तेके अधूरी मानी जाती है। तुलसीकी सेवाभाव करनेसे घरमें सुख-समृद्धि बनी रहती है। हिंदू धर्ममें तुलसीका पौधा पवित्र, पूजनीय और लाभकारी माना गया है। आयुर्वेदमें भी इसका इस्तेमाल किया जाता है। हिंदू धर्ममें मान्यता है कि तुलसीके पत्तोंको गंगाजलके साथ मृत व्यक्तिके मुंहमें रखनेसे […]