Post Views: 630 हृदयनारायण दीक्षित प्राचीनताका बड़ा भाग प्रेरक और गर्व करने योग्य होता है। अंग्रेजोंने प्रचारित किया कि भारत एक राष्ट्र नहीं है। अंग्रेजी सभ्यता प्रभावित विद्वानोंने मान लिया कि हम कभी राष्ट्र नहीं थे। अंग्रेजोंने ही भारतको राष्ट्र बनाया। बीसवीं सदीके सबसे बड़े आदमी महात्मा गांधीने अंग्रेजोंको चुनौती दी। उन्होंने १९०९ में हिन्द […]
Post Views: 788 बंगलादेश अपनी स्वतन्त्रताका पचासवां वर्ष मना रहा है। सन् १९७१ में वैश्विक पटलपर बांगलादेशका उभरना असमान्य घटना थी। पाकिस्तानके संस्थापक मुहम्मद अली जिन्नाने जिस प्रकार शातिर चालें चलकर पाकिस्तान और पूर्वी पाकिस्तानका निर्माण कराया उसमें कुछ स्वार्थी नेताओंके हित भले ही सधे हों परन्तु आमजनताकी साधारण चेतना एवं नागरिक स्वतन्त्रताके अंत:करणमें विष […]