पटना

शेखपुरा: कोरोना संकट के दौरान जिला प्रशासन एवं विधिक सेवा प्राधिकार का कार्य रहा सराहनीय: न्यायमूर्ति


पटना उच्च न्यायालय के न्यायमूर्ति ने कोरोना वारियर्स को किया सम्मानित

शेखपुरा (आससे)। जिला न्यायालय परिसर में आयोजित सम्मान समारोह में मुख्य अतिथि के रुप में पहुंचे पटना उच्च न्यायालय के न्यायमूर्ति हेमंत कुमार श्रीवास्तव ने कहा कि कोरोना संकट के दौरान जिला प्रशासन एवं जिला विधिक सेवा प्राधिकार का कार्य काफी सराहनीय रहा।

उन्होंने कहा कि लॉकडाउन के दौरान जरूरतमंदों के घर तक पहुंच उन्हें राशन एवं खाद्यान्न मुहैया कराया जाना अद्वितीय रहा। इस कार्य में बढ़-चढ़कर भागीदारी निभाने वाले लोगों को के कार्यों की उन्होंने जमकर प्रशंसा की। इसके साथ ही जिला के प्रगति पर हर्ष व्यक्त करते हुए कहा कि जिला बनाने वाले का सपना साकार हो रहा है।

उन्होंने यहां सड़क और भवन के नए-नए निर्माण पर हर्ष जताया। न्यायमूर्ति यहाँ जिला विधिक सेवा प्राधिकार द्वारा आयोजित कोरोना वारियर्स को सम्मानित करने के एक कार्यक्रम में भाग ले रहे थे। न्यायमूर्ति पटना उच्च न्यायालय के जज के साथ ही बिहार राज्य विधिक सेवा प्राधिकार के एक्सक्यूटिव अध्यक्ष भी है।

जिला न्यायालय परिसर में आयोजित सम्मान समारोह में राज्य विधिक सेवा प्राधिकार के सदस्य सचिव कृष्ण मुरारी शरण, जिला जज जनार्दन त्रिपाठी, डीएम इनायत खान, एसपी कार्तिकेय शर्मा, जिला अधिवक्ता संघ के अध्यक्ष अरबिंद कुमार महासचिव बिनोद कुमार सिंह सहित बड़ी संख्या में न्यायिक अधिकारी और अधिवक्ता तथा जिला विधिक सेवा प्राधिकार से जुड़े अधिकारी, कर्मचारी आदि उपस्थित थे।

न्यायालय परिसर में आयोजित समारोह के दौरान कोरोना काल में लगातार बेहतर कार्य करने वाले 71 कोरोना वारियर्स को प्रमाण पत्र देकर सम्मानित किया गया। सम्मान पाने वालो में जिला जज जनार्दन त्रिपाठी, डीएम इनायत खान, एसपी कार्तिकेय शर्मा, एडीजे गयासुद्दीन, राजीव कुमार, सीजेएम संजय कुमार सिंह, जिला विधिक सेवा प्राधिकार के सचिव राजेश कुमार, सिविल सर्जन डॉ॰ वीर कुंवर सिंह, अपर मुख्य चिकित्सा पदाधिकारी डॉ॰ कृष्ण मुरारी प्रासाद सिंह, डॉ॰ अशोक कुमार सिंह, सफाई कर्मी अम्बिका डोम, जिला विधिक सेवा प्राधिकार के नामित अधिवक्ता, पारा लीगल वालंटियर आदि शामिल थे।

सम्मान समारोह में सभी को प्रशस्ति पत्र दिया गया। साथ ही यह भी आह्वान किया गया कि कोरोना का कहर अभी समाप्त नहीं हुआ है। लोगों को अभी भी कोरोना को लेकर जागरूक रखने तथा मास्क, दूरी आदि का प्रयोग करते रहने की अपील की गयी। इस दौरान पटना उच्च न्यायालय के न्यायमूर्ति ने सभी लोगों की सराहना की।

बाद में उन्होंने जिला अधिवक्ता संघ में ई-पुस्तकालय का उद्घाटन भी किया। उन्होंने अपने सम्बोधन में कहा कि न्यायाधीश का कार्य बोलना नहीं है। न्यायाधीश मामले में निर्णय देते हैं। निर्णय के अनुसार जिला में कोरोना संकट काल में किये गए कार्य को अद्भुद, अविस्मरनीय, दूसरे को रास्ता दिखाने वाला है।