Post Views: 924 श्रीराम शर्मा दुव्र्यसनोंको ठंडी आग कहा जाता है। गर्म आगमें जलकर भस्म हो जानेमें देर नहीं लगती परन्तु पानीमें डूब मरनेसे भी दुष्परिणाम वैसा ही भयंकर निकलता है। अन्तर इतना ही रहता है कि आत्मदाह भयानक लगता है और आंखोंमें काफी देरतक दिल दहलानेवाला दृश्य खड़ा किये रहता है, जबकि पानीमें किसीके […]
Post Views: 451 डा. सुशील कुमार सिंह देशमें १ जुलाई २०१७ को एक नया आर्थिक कानून वस्तु एवं सेवा कर (जीएसटी) लागू हुआ था। जीएसटी लागू होनेसे पहले ही केन्द्र और राज्य सरकारोंके बीच आपसमें इस बातपर सहमतिका प्रयास किया गया था कि इसके माध्यमसे प्राप्त राजस्वमें केन्द्र और राज्योंके बीच राजस्वका बंटवारा किस तरह […]