पटना

बेगूसराय: 45 लाख 50 हजार रुपये से खरीदे गए सामानों की जाँच करेंगी तीन सदस्यीय कमेटी


बेगूसराय (आससे)। स्पोर्ट्स एवं फिजिकल एजुकेशन कार्यक्रम स्पोर्ट्स अंतर्गत वित्तीय वर्ष 2019 -20 में जिला के 182 उत्क्रमित उच्च विद्यालय को खेलकूद की सामग्री खरीदने के लिए 25000 रुपये प्रति विद्यालय की दर से दी गई थी। इसी को लेकर खरीद की गई सामग्री की जांच करने के लिए कमेटी की गठन की गई है।

शिक्षा विभाग को शिकायत मिली थी कि गुणवत्तापूर्ण सामग्री खरीदने के वजाय डुप्लीकेट सामग्री की खरीद की गई है। इसी को लेकर समग्र शिक्षा अभियान के डीपीओ राजकुमार शर्मा ने जांच कमेटी की गठन की है। बताते चलें कि यह जांच कमेटी अनुमंडल स्तरीय बनाई गई है। जिसमें समग्र शिक्षा अभियान के कर्मी, प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी एवं सहायक शिक्षक को जांच कमेटी में रखा गया है।

बरौनी, मटिहानी और बीरपुर प्रखंड के अंतर्गत विद्यालय की जांच काजिमा सहायक कार्यक्रम पदाधिकारी रामदेव महतो, प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी बीरपुर रविंद्र प्रसाद एवं शारीरिक शिक्षक अरुण पंकज रीतलाल उच्च विद्यालय वही शामहो एवं सदर प्रखंड के अंतर्गत विद्यालय की जांच सहायक साधन से भी लक्ष्मण पासवान, प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी प्रमोद कुमार एवं शारीरिक शिक्षक अरविंद कुमार प्रोजेक्ट बलिया उच्च विद्यालय बदलपुरा मटिहानी। तो वहीं बलिया, डंडारी एवं साहेबपुर कमाल के अंतर्गत विद्यालय की जांच सहायक साधन सेवी नीरज कुमार, साहेबपुर कमाल के प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी अनामिका कुमारी एवं ओमर बालिका उच्च विद्यालय के शारीरिक शिक्षक बृजेश कुमार जांच करेंगे।

बखरी नावकोठी एवं गढ़पुरा प्रखंड के अंतर्गत विद्यालय की जांच अपर जिला कार्यक्रम समन्वयक रवि भूषण सहनी, प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी नावकोठी राजेंद्र पांडे एवं शारीरिक शिक्षक उत्क्रमित मध्य विद्यालय डंडारी के चिरंजीवी ठाकुर तो वही चेरिया बरियारपुर छौड़ाही एवं खोदावंदपुर प्रखंड की जांच सहायक साधन सेवी रंजन कुमार प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी चेरिया बरियारपुर के आशीष कुमार गुप्ता एवं उच्च विद्यालय रौजौरा के शारीरिक शिक्षक पंकज कुमार जांच करेंगे। तेघरा, बछवारा भगवानपुर प्रखंड एवं मंसूरचक प्रखंड की जांच सहायक साधन सेवी सुनील कुमार, प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी मंसूरचक सुनील कुमार एवं मध्य विद्यालय ताजपुर तेघरा के शिक्षक संतोष कुमार जांच दल के सदस्य होंगे।

समग्र शिक्षा अभियान के डीपीओ राजकुमार शर्मा ने 15 दिनों के अंदर स्थलीय जांच कर प्रतिवेदन समर्पित करने को कहा है। जिन विद्यालय प्रधान ने गुणवत्तापूर्ण सामग्री नहीं खरीद की है। तो उन पर कार्रवाई करने की जाएगी। विभाग को शिकायत मिली थी स्पोर्ट्स सामग्री की खरीदारी में गुणवत्ता पूर्ण सामानों की अनदेखी की गई है। इसी को लेकर 18 फरवरी 21 को जांच कमेटी का गठन किया गया है।

ज्ञात हो कि 2019-20 में 182 विद्यालयों को 25000 की दर से प्रत्येक विद्यालय को मिला था। जिसके लिए बीएसएस कॉलेजिएट स्कूल स्पोर्ट्स के समान खरीद के लिये दुकान लगाये गए थे। जिसमें जिले में 45 लाख 50 हजार की सामग्री की खरीद की गई थी।