पटना

पटना: शिक्षकों की होगी बहाली, बनेंगे अतिरिक्त वर्गकक्ष


मुख्यमंत्री के समक्ष शिक्षा विभाग ने प्रस्तुत किया रोडमैप

(आज शिक्षा प्रतिनिधि)

पटना। राज्य में प्लस-टू तक की पढ़ाई के लिए उत्क्रमित स्कूलों में अतिरिक्त वर्गकक्षों का निर्माण होगा तथा शिक्षण कार्य के लिए शिक्षकों की बहाली होगी। ये निर्देश मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने शिक्षा विभाग को दिये हैं। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के समक्ष गुरुवार को एक-अणे मार्ग स्थित संकल्प में वीडियो कान्फ्रेंसिंग के माध्यम से शिक्षा विभाग ने पंचायतों में उच्च माध्यमिक विद्यालयों की स्थापना (आधारभूत संरचना सहित) एवं प्राथमिक तथा माध्यमिक शिक्षकों की नियुक्ति की अद्यतन स्थिति से संबंधित प्रस्तुतीकरण दिया।

बैठक में शिक्षा विभाग के अपर मुख्यसचिव संजय कुमार ने प्रस्तुतीकरण के माध्यम से उच्च माध्यमिक विद्यालयों की स्थिति की जानकारी दी। मुख्यमंत्री के निर्देशानुसार सभी पंचायतों को उच्च माध्यमिक विद्यालय से आच्छादित करने का निर्णय लिया गया था, जिसके तहत 6421 पंचायतों को उच्च माध्यमिक विद्यालय विहीन पंचायत के रूप में चिन्हित करते हुए 6421 उच्च माध्यमिक विद्यालय की स्थापना की जा चुकी है।

सभी पंचायतों में 9वीं एवं 10वीं की पढ़ाई शुरु हो गयी है। इन विद्यालयों में उन्नयन योजना के तहत स्मार्ट क्लास के माध्यम से पाठ्यक्रम के अनुरुप ई-कॉन्टेंट विकसित कर वर्ग संचालन की व्यवस्था की गयी है। राज्य में अब कुल 9360 उच्च माध्यमिक विद्यालय स्थापित हैं। इन विद्यालयों में शिक्षकों की नियुक्ति एवं आवश्यक आधारभूत संरचना का निर्माण चरणवार किया जा रहा है।

अपर मुख्य सचिव शिक्षा ने प्रारंभिक विद्यालयों में छात्र-छात्राओं की संख्या प्रारंभिक विद्यालयों में कुल कार्यरत शिक्षकों की संख्या प्राथमिक विद्यालयों में शिक्षकों की नियुक्ति, शारीरिक शिक्षक एवं स्वास्थ्य अनुदेशक की नियुक्ति, माध्यमिक-उच्च माध्यमिक शिक्षक नियुक्ति, उत्क्रमित उच्च माध्यमिक विद्यालयों में प्रधानाध्यापक पद पर नियुक्ति से संबंधित अद्यतन स्थिति की जानकारी दी। समग्र शिक्षा अभियान के अंतर्गत शिक्षक और छात्रों का अनुपात 1:40 निर्धारित किया गया है, जिस मानक पर राज्य अब लगभग गया है।

प्रस्तुतिकरण के दौरान मुख्यमंत्री ने कहा कि वर्ष 2006 से सडक़, स्वास्थ्य के साथ-साथ शिक्षा में सुधार के लिए कई कदम उठाये गये। बड़ी संख्या में प्राथमिक विद्यालय एवं मध्य विद्यालय की स्थापना की गयी। विद्यालय भवनों का निर्माण स्थानीय स्तर पर विद्यालय शिक्षा समितियों द्वारा किया गया, इससे लोगों को रोजगार मिला साथ ही स्थानीय स्तर पर बिजनेस को भी बढ़ावा मिला। उन्होंने कहा कि एक रिपोर्ट में यह बात सामने आयी कि लड़कियां शिक्षित होंगी तो प्रजनन दर घटेगा। उसी के आधार पर हर पंचायत में उच्च माध्यमिक विद्यालय बनाने का हमलोगों ने निर्णय लिया ताकि लड़कियां इंटर तक की पढ़ाई कर सकें।


सर्टिफिकेट नहीं देने वाले शिक्षकों पर होगी काररवाई

पटना (आशिप्र)। सर्टिफिकेट नहीं देने वाले पंचायतीराज एवं नगर निकाय शिक्षकों पर काररवाई होगी। तकरीबन एक लाख पंचायतीराज एवं नगर निकाय शिक्षकों के सर्टिफिकेट के फोल्डर नियोजन इकाइयों में उपलब्ध नहीं हैं।

शिक्षा मंत्री विजय कुमार चौधरी ने उच्च माध्यमिक विद्यालयों में आधारभूत संरचना का विकास एवं उनमें शिक्षकों की कमी पर विस्तारपूर्वक विमर्श के लिए मुख्यमंत्री नीतीश कुमार को धन्यवाद दिया। शिक्षा मंत्री श्री चौधरी ने बताया कि मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने अतिरिक्त वर्गकक्षों के निर्माण एवं योग्य शिक्षकों की बहाली का निर्देश दिया है। इसकी तैयारी शिक्षा विभाग कर रहा है।

शिक्षा मंत्री श्री चौधरी ने बताया कि दो-ढाई वर्षों में शिक्षा में सुधार की प्राथमिकता का रोडमैप तैयार किया गया है। इसकी प्रस्तुति मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के समक्ष दी गयी। रोडमैप के तहत साढ़े छह हजार उच्च माध्यमिक विद्यालयों में अतिरिक्त वर्गकक्षों के निर्माण के साथ योग्य शिक्षकों की बहाली की दिशा में काम चल रहा है।

शिक्षा मंत्री श्री चौधरी ने बताया कि उच्च न्यायालय के आदेश से पंचायतीराज एवं नगर निकाय शिक्षकों के सभी प्रकार के प्रमाण पत्रों की जांच चल रही है। एक लाख शिक्षकों की नियुक्ति से संबंधित फोल्डर नियोजन इकाइयों में उपलब्ध नहीं हैं। इससे जांच प्रभावित है। निर्णय हुआ है कि ऐसे शिक्षक संबंधित कागजात उपलब्ध नहीं करायेंगे, तो न्यायालय के संज्ञान में लाकर उचित काररवाई की जायेगी।


सभी पंचायतों में उच्च माध्यमिक विद्यालय की स्थापना की गयी है। इससे अब छात्र-छात्राओं को अपने पंचायत में ही उच्च माध्यमिक स्तर तक की शिक्षा मिल सकेगी। छात्राओं का शैक्षणिक स्तर बढऩे से प्रजनन दर में और कमी आयेगी। जब हमलोगों ने काम संभाला था तो राज्य का प्रजनन दर 4.3 था, जो घटकर अब 3 पर आ गया है। उन्होंने कहा कि लड़कियों में शिक्षा को बढ़ावा देने के लिए हमलोगों ने मुख्यमंत्री बालिका पोशाक योजना और मुख्यमंत्री बालिका साईकिल योजना चलायी।

मैट्रिक की परीक्षा में लड़कियों की संख्या अब लडक़ों से अधिक हो गई है। मुख्यमंत्री ने कहा कि सभी पंचायत में उच्च माध्यमिक विद्यालय के आधारभूत संरचना निर्माण कार्य में तेजी लाएं। जहां शिक्षकों की कमी है वहां शिक्षक की बहाली जल्द हो ताकि बच्चों को पठन-पाठन में किसी प्रकार की कोई दिक्कत न हो।

बैठक में मुख्यमंत्री के प्रधान सचिव दीपक कुमार, मुख्य सचिव आमिर सुबहानी, मुख्यमंत्री के अतिरिक्त परामर्शी मनीष कुमार वर्मा, मुख्यमंत्री के सचिव अनुपम कुमार एवं मुख्यमंत्री के विशेष कार्य पदाधिकारी ोपाल सिंह उपस्थित थे। वीडियो कान्फ्रेंसिंग के माध्यम से शिक्षा मंत्री विजय कुमार चौधरी, शिक्षा विभाग के अपर मुख्य सचिव संजय कुमार सहित शिक्षा विभाग के अन्य वरीय अधिकारी जुड़े थे।