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भयग्रस्त चित्त रुग्णताकी जननी
Posted on Author ARUN MALVIYA
Post Views: 19 हृदयनारायण दीक्षित विश्व मानवता विचार एवं बुद्धिसे संचालित है। हम इसके अविभाज्य अंग हैं। हम चिकित्सा विज्ञानमें यह समझते हैं कि विचारों और भावनाओंकी प्रकृति हमारी शारीरिक स्थिति तंत्र एवं क्रियाओंको निर्धारित करती है। विचार बुद्धिगत होते हैं और भावनाएं हृदयगत। दोनों हमारे अंत:करणको लगातार प्रभावित करते हैं। ऐसे प्रभाव शरीरकी तमाम […]
जीवनका निर्माण
Posted on Author ARUN MALVIYA
Post Views: 28 श्रीराम शर्मा विचारोंके आधारपर ही अनुभव परिपक्व होता है। उत्कृष्ट उत्तम विचार जीवनको ऊपर उठाते हैं। मनुष्यका जीवन उसके विचारोंका प्रतिबिंब है। किसी भी व्यक्तिके विचार जानकर उसके जीवनका नक्शा सहज ही मालूम किया जा सकता है। मनुष्यको कायर, वीर, स्वस्थ-अस्वस्थ, प्रसन्न-अप्रसन्न कुछ भी बनानेमें उसके विचारोंका महत्वपूर्ण हाथ होता है। तात्पर्य […]
टीकेकी उपलब्धिमें डब्लूटीओका पेंच
Posted on Author ARUN MALVIYA
Post Views: 21 डा. भरत झुनझुनवाला कोरोनाकी महामारीसे निजात पानेके लिए इस समय देशमें प्रमुख टीका एस्ट्राजनिका द्वारा बनाया गया कोविडशील्ड प्रचलनमें है। इसे भारतकी सीरम इंस्टिट्यूट आफ इंडिया द्वारा एस्ट्राजनिकासे लाइसेंस लेकर बनाया जा रहा है। इसमें व्यवस्था है कि जिस मूल्यपर सीरम इंस्टिट्यूट इस टीकेको बेचेगी उसका आधा हिस्सा एस्ट्राजनिकाको रायल्टीके रूपमें दिया […]


