पटना

पटना: इंजीनियरिंग कॉलेजों में होगी 3000 प्राध्यापकों की नियमित नियुक्ति


संविदा पर कार्यरत शिक्षकों को मिलेगा वेटेज : मंत्री

(आज समाचार सेवा)

पटना। विज्ञान एवं प्रावैधिकी मंत्री सुमित कुमार सिंह ने कहा है कि इंजीनियरिंग कॉलेजों में तीन हजार प्राध्यापकों की नियमित नियुक्ति होगी। बिहार लोक सेवा आयोग को स्थायी नियुक्ति को लेकर अधियाचना भेज दी गयी है। वहीं संविदा पर कार्य कर रहे शिक्षकों जिनका अवधि ३१ मार्च को समाप्त हो गया था उन्हें अगले ३१ मार्च २०२२ तक या नियमित नियुक्ति होने तक की अवधि के लिए विस्तारित किया गया है। मंत्री गुरुवार को पत्रकारों से बातचीत कर रहे थे।

मंत्री ने बताया कि सात इंजीनियरिंग कॉलेजों में मानव संसाधन विकास मंत्रालय द्वारा कार्यान्वित विश्व बैंक संपोषित परियोजना तकनीकी शिक्षा गुणवत्ता उन्नयन कार्यक्रम तृतीय चरण के अंतर्गत राष्ट्रीय परियोजना कार्यान्वयन एकक द्वारा चयनित एवं अस्थायी इंगेजमेंट के रुप में नियोजित सहायक प्राध्यापकों की सेवा प्राप्त करनें कें लिए परियोजना की समाप्ति की तिथि ३१ मार्च २०२१ के पश्चात पूर्व से जारी शर्त के अधीन एक अप्रैल २०२१ से ३१ मार्च २०२२ तक अथवा इंजीनियरिंग कॉलेजों के लिए स्वीकृत पदों पर नियमित नियुक्ति होने तक जो भी पहले हो राज्य योजना के अधीन परियोजना की अवधि विस्तार दी गयी है।

उक्त योजनांतर्गत ख्यनित राज्य के सात अभियंत्रण महाविद्यालयों यथा एमआइटी मुजफ्ïफरपुर, बीसीई भागलपुर, मोतिहारी अभियंत्रण महाविद्यालय, दरभंगा अभियंत्रण महाविद्यालय दरभंगा, गया अभियंत्रण महाविद्यालय गया, नालंदा कॉलेज ऑफ इंजीनियरिंग चंडी एवं लोक नायक जयप्रकाश प्रौद्योगिकी संस्थान छपरा है। उन्होंने बताया कि परियोजना का उद्देश्य संस्थानों के प्रयोगशाला, कार्यशाला, पुस्तकालय आदि का आधुनिकीकरण किया जाना है।

संस्थानों की गुणवत्ता को वैश्विक स्तर पर लाये जाने के लिए संचालित पाठ्ïयक्रमों का अनिवार्य एक्रिडिटेशन नेशनल बोर्उ ऑफ एक्रेडिटेशन से कराया जाना है। इसके बाद संस्थानों में पीजी कोर्स प्रारंभ किया जा सके। इस परियोजना के तहत एमआइटी मुजफ्फरपुर, बीसीइ भागलपुर तथा नालंदा कॉलेज ऑफ इंजीनियरिंग चंडी में एमटेक के पाठ्यक्रम संचालित हो रहे हैं।

उन्होंने बताया कि राज्य के इंजीनियरिंग कॉलेजों में सहायक प्राध्यापक के रिक्त १३७६ पद सहित लगभग तीन हजार पदों पर नियमितत नियुक्ति के लिए बिहार लोक सेवा आयोग को अधियाचना भेज दी गयी है। उम्मीद है कि इस वर्ष के अंत तक आयोग की अनुश्ंसा विभाग को प्राप्त हो जायेगी। इसके बाद नियुक्ति पत्र जारी कर दिया जायेगा। नियमित नियुक्ति में भी संविदा पर कार्यरत सहायक प्राध्यापकों को प्रति वर्ष पांच अंक वेटेज के रुप में दिया जायेगा। अधिकतम २५ अंक वेटेज दिया जा सकता है।