पटना

पटना की जनता को परोसा जा रहा है जहर


      • सेहत के साथ हो रहा है खिलवाड़
      • नकली सॅास और चटनी की फैक्ट्री मिली

(आज समाचार सेवा)

पटना। पटना स्ट्रीट के फास्ट फूड की जो स्वाद तो बेहद चटकारा लगता है लेकिन इसी प्लेट में सेहत का जहर परोसा जा रहा है। इससे आपके लीवर, किडनी के साथ आंतों में इन्फेक्शन का खतरा बढ़ जाता है, जो आपको कैंसर का रोग भी दिला सकता है। पटना के स्ट्रीट फूड कॉर्नर में मिलने वाली चटपटी चटनी और सॉस जानलेवा हैं।

खाद्य सुरक्षा विभाग ने पटना के बेउर से बड़ा खुलासा किया है। यहां एक ऐसी नकली फैक्ट्री पकड़ी गई है, जहां से 3 ब्रांड के टोमैटो सॉस, सोया सॉस और चटनी तैयार की जा रही थी। एक माह के अंदर खाद्य सुरक्षा विभाग की यह दूसरी बड़ी कार्रवाई है। इसके पूर्व 26 मार्च को पटना के महाराजगंज से नकली फैक्ट्री से मिलावटी सॉस और चटनी की बड़ी खेप बरामद की गई थी।

पटना के जिला खाद्य सुरक्षा अधिकारी को सूचना मिली थी कि बेउर में नकली सॉस चटनी की फैक्ट्री चल रही है जहां से शहर के कई इलाकों में फूड कॉर्नर पर इसकी सप्लाई की जा रही है। इसके बाद एक टीम बनाई गई और ताबड़तोड छापेमारी की गई। बेउर में अनवी इंटरप्राइजेज के नाम से फैक्ट्री चल रही थी। यहां 4 माह से अवैध रूप से नकली सामान तैयार कर बाजार में सप्लाई किया जा रहा था। कंपनी के पास कोई लाइसेंस भी नहीं था।

यहां तीन प्रकार के सॉस की लगभग 100 से अधिक बोतलों को बरामद किया गया है। खाद्य सुरक्षा विभाग का कहना है कि बेउर के कुशवाहा चौक के गंगा विहार कॉलोनी में चल रही इस फैक्ट्री के कर्मियों से पता चला है कि स्ट्रीट फूड में यहां से अधिक संख्या में सप्लाई हो रही थी। 4 माह से यह धंधा चल रहा था। इस दौरान पटना में लाखों लोगों के पेट में इस नकली चटनी को पहुंचा दिया गया।

खाद्य सुरक्षा अधिकारी ने फैक्ट्री को सील कर दिया गया है और यहां से बरामद सामान को जांच के लिए भेजा गया है। यह पता लगाया जाएगा कि इसमें किस तरह के केमिकल मिलाए जा रहे थे। खाद्य सुरक्षा अधिकारी का कहना है कि अब पटना के स्ट्रीट फूड और होटलों में सॉस और चटनी को लेकर अभियान चलाया जाएगा। पता लगाया जाएगा कि ठेलों और होटलों में परोसे जाने वाली चटनी की क्वालिटी कैसी है। अगर होटलों या स्ट्रीट फूड में कुछ गड़बड़ी मिली तो आगे सख्त से सख्त कार्रवाई की जाएगी।

सेहत के लिए मिलावटी चटनी काफी खतरनाक है। डॉक्टरों दिवाकर तेजस्वीर का  कहना है कि इसका सबसे बड़ा असर लीवर पर होता है। इससे फैटी लीवर के साथ गुर्दे पर भी बड़ा असर होता है। आंतों में भी संक्रमण का खतरा बना रहता है। इसके अलावे एसीडीटी,गैसट्राइटीस,किडनी मे सूजन, लीवर मे सूजन,स्कीन एलर्जी, अनिद्रा, चिडचिडाहट होता है इसके अलावे पैखाने मे जलन और दर्द भी होने लगता है।

मतलब कुल मिलाकर ठेलें और स्ट्रीट फूड खाने से लोगो को बचना चाहिए क्योकि स्वास्थ शरीर ही धन है। इस बाबत डा.बसंत ने कहा कि मिलावटी चटनी सॉस से लीवर किडनी और आंतों के कैंसर का खतरा रहता है। ऐसे खाद्य पदार्थ अधिकतर ठेलों पर मिलते हैं। इसका सेवन करने से बचना चाहिए। कभी भी खाद्य सुरक्षा विभाग से प्रमाणित प्रोडक्ट्स का ही सामान इस्तेमाल करना चाहिए।

अगर पटना में ऐसी फैक्ट्रियां और पकड़ी जाती हैं तो और सावधानी होने की जरुरत है। फि़लहाल हमें सतर्क रहने की जरुरत है क्यूंकि हम अपने स्वास्थ्य से खिलवाड़ नहीं कर सकते और यह बहुत जरुरी है हम इस तरह के नकली प्रोडक्ट की पहचान कर उनका बहिष्कार करे। डा. नागेन्द्र ने भी कहा कि ऐसे नकली चीज खाने से स्वास्थ पर असर पड़ता है उन्होंने यह भी कहा कि ठेले और स्ट्रीट फूड खाने से बचना चाहिए।