Post Views: 22 डा. जयंतीलाल भंडारी हालमें वित्त मंत्रालयने मासिक आर्थिक समीक्षामें कहा कि कोरोना महामारीकी दूसरी लहरसे बढ़ते संक्रमणके कारण लाकडाउन और पाबंदियां लगानेसे यद्यपि चालू वित्त वर्ष २०२१-२२ की अप्रैल-जून तिमाहीमें आर्थिक गतिविधियोंमें गिरावट आनेका खतरा है, लेकिन अर्थव्यवस्थापर इसका असर पिछले वर्ष २०२० की पहली लहरके मुकाबले कम रहनेकी उम्मीद है। रिजर्व […]
Post Views: 17 अवधेश कुमार पश्चिम बंगालमें ममताकी राजनीतिने माकपा नेतृत्ववाले वामदलों ऐसा ढहाया कि वामपंथी अबतक कराह रहे हैं। भाजपाको भी लगता है कि वह २०११ में ममताकी विजय सदृश कारनामा कर सकते हैं। तृणमूल कांग्रेसके नेताओंका भाजपामें प्रवेश प्रक्रिया लगातार बढ़ रही है। बंगालके राजनीतिक परिदृश्यके संकेतोंको कैसे पढ़ा जाय। कुल २९४ विधानसभा […]
Post Views: 18 रवि शंकर देशमें परिवार नियोजनके सघन प्रयासोंसे प्रजनन दरमें गिरावटके बावजूद महज कुछ सालोंमें भारत चीनको पछाड़कर दुनियाकी सबसे बड़ी आबादीवाला देश हो जायगा। संयुक्त राष्ट्र संघकी विश्व आबादीपर जो रिपोर्ट प्रकाशित की है, उसमें कहा गया है कि २०२७ तक भारतकी आबादी दुनियामें सर्वाधिक होकर १५० करोड़के पार पहुंच जायगी। अभी […]