Post Views: 20 डा. वरिंदर भाटिया भारतीय अर्थव्यवस्थाको मजबूती देनेके लिए सरकारको नोट छापनेके सुझाव दिये जा रहे हैं। भारतमें १९९७ तक आरबीआई सरकारी घाटेकी भरपाई नये करंसी नोट छापकर करता रहा है। हालांकि इस तरहसे सरकारी घाटेकी भरपाई करनेके काफी नुकसान भी होते हैं। इसीलिए १९९४ में तत्कालीन वित्तमंत्री और तत्कालीन आरबीआई गवर्नरने १९९७ […]
Post Views: 33 नक्सलप्रभावित राज्य छत्तीसगढ़के बीजापुर और सुकमा जिलेके सीमावर्ती क्षेत्रमें शनिवारको सुरक्षाबलों और नक्सलियोंके बीच हुई मुठभेड़में २२ जवानोंका शहीद होना अत्यन्त ही दुखद और हृदयविदारक घटना है। इस मुठभेड़में यद्यपि नौ से अधिक नक्सली भी मारे गये हैं और कई जवान अभी लापता हैं। ३१ जवान घायल हुए हैं, जिनमें कुछ की […]
Post Views: 33 शिवप्रसाद ‘कमल’ बाल्मीकि रामायणमें सीताके स्थान रामसे आगे माना गया है। सारी रामकथा सीताको केन्द्रमें रखकर चलती है। तुलसीने भी रामचरितमानसमें सीताके सात स्वरूपोंका वर्णन करके उन्हें महत्वपूर्ण स्थान दिया है। मानसमें भी सम्पूर्ण रामकथा सीताके इर्द-गिर्द घूमती है। तुलसीके अनुसार जैसे मानसके सात कांड हैं, वैसे ही सीताके साथ रूप भी […]